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शमूएल को रात में एक आवाज सुनाई देती

एली, शमूएल और रात में परमेश्वर की आवाज़।
योगदानकर्ता अलेफ विथ बेथ
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बालक शमूएल ने महायाजक एली के अधीन यहोवा की सेवा की। उन दिनों परमेश्वर अक्सर लोगों से सीधे बात नहीं करते थे। बहुत कम दर्शन हुए। एक रात शमूएल सो रहा था जब उसने एक आवाज़ सुनी, 'शमूएल’। – स्लाइड 1
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एली महायाजक अपने बिस्तर पर था। शमूएल उसे ढूंढने गया। – स्लाइड 2
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एली की आंखें इतनी कमजोर थीं कि वह लगभग अंधा हो गया था। – स्लाइड 3
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शमूएल ने उसे जगाया. 'मैं यहां हूं। आपने मुझे बुलाया।'<br/>लेकिन एली ने कहा, 'मैंने तुम्हें नहीं बुलाया। वापस बिस्तर पर जाओ।' – स्लाइड 4
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इसलिए शमूएल वापस बिस्तर पर चला गया। – स्लाइड 5
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आवाज ने फिर से पुकारा, 'शमूएल!' – स्लाइड 6
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शमूएल फिर एली के पास गया और कहा, 'मैं यहाँ हूँ। आपने मुझे बुलाया।'<br/>एली ने फिर कहा, 'मैंने तुम्हें नहीं बुलाया। वापस बिस्तर पर जाओ।' – स्लाइड 7
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शमूएल वापस बिस्तर पर चला गया। उसे कौन बुला रहा था?<br/>फिर उसने तीसरी बार आवाज सुनी, 'शमूएल।' – स्लाइड 8
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शमूएल उठकर एली के पास गया। – स्लाइड 9
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उन्होंने कहा, 'मैं यहां हूं। आपने मुझे बुलाया।' – स्लाइड 10
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तब एली को एहसास हुआ कि प्रभु लड़के को बुला रहे थे। – स्लाइड 11
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इसलिए उसने शमूएल से कहा, 'सो जाओ। यदि वह तुम्हें दोबारा बुलाए, तो कहो, “बोलो, प्रभु। मैं आपका सेवक हूं और सुन रहा हूं।'' – स्लाइड 12
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अत: शमूएल गया और बिस्तर पर लेट गया।<br/>प्रभु वहाँ आकर खड़े हो गये। उसने पहले की तरह ही पुकारा। उसने कहा, 'शमूएल, शमूएल !' – स्लाइड 13
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शमूएल ने कहा, 'बोलो, प्रभु। मैं आपका सेवक हूं और सुन रहा हूं।' – स्लाइड 14
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प्रभु ने शमूएल से कहा कि चूँकि एली के पुत्र बहुत दुष्ट थे और लोगों को परमेश्वर की अवज्ञा करने के लिए प्रेरित करते थे, इसलिए उन्हें दंडित किया जाएगा। एली को भी सज़ा दी जाएगी क्योंकि उसने अपने बेटों को नहीं सुधारा था। – स्लाइड 15
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शमूएल भोर तक लेटा रहा। वह एली को उस दर्शन के बारे में बताने से डरता था।<br/>परन्तु एली ने उस से कहा, हे शमूएल, मेरे पुत्र!<br/>शमूएल ने उत्तर दिया, 'मैं यहाँ हूँ।' – स्लाइड 16
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एली ने पूछा, 'यहोवा ने तुम से क्या कहा? इसे मुझसे मत छिपाओ। यदि जो कुछ उस ने तुझ से कहा है, उसे तू मुझ से छिपाएगा, तो परमेश्वर तुझे गंभीर दण्ड दे।’ अत: शमूएल ने एली को सब कुछ बता दिया। तब एली ने कहा, 'वह प्रभु है। उसे वही करने दो जो उसे सबसे अच्छा लगता है।' – स्लाइड 17
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जब शमूएल बड़ा हुआ तो यहोवा उसके साथ था। उसने शमूएल के सभी संदेश को सच होने दिया। तब सारे इस्राएल को मालूम हो गया कि शमूएल यहोवा का भविष्यद्वक्ता है। – स्लाइड 18
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जैसे-जैसे शमूएल बड़ा हुआ, प्रभु ने शीलो में शमूएल को स्वयं को दिखाना जारी रखा। उसने अपने वचन के द्वारा स्वयं को शमूएल को भी दिखाया। – स्लाइड 19
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